छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में 8 लोगों की संदिग्ध मौत मामले में पुलिस ने आरोपी रामसहाय जायसवाल को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर पूछताछ की जा रही है। पुलिस आज दोपहर इस पूरे मामले का खुलासा करेगी। जानकारी के मुताबिक, खरवे गांव में संदिग्ध मौतों का सिलसिला 6 फरवरी 2026 को बद्री पटेल की मौत से शुरू हुआ। इसके बाद 20 फरवरी को बुढालू साहू की जान चली गई। मार्च महीने में 12 मार्च को बुधराम जायसवाल, 20 मार्च को छत्तूराम साहू और 31 मार्च को विनोद साहू की मौत हो गई। इसके बाद 28 अप्रैल को गजानंद मांझी और 29 अप्रैल को चैतूराम साहू की मौत हो गई। सबसे हालिया मौत 14 मई को महेतरू साहू की हुई। महज 3 महीने के अंदर एक ही गांव में 8 लोगों की मौत के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण कसडोल थाने पहुंचे थे। पहले देखिए ये तस्वीरें…
ग्रामीणों का दावा- 21 बलि की थी तैयारी मृतक छत्तूराम साहू के भाई और विनोद साहू के चाचा कामता प्रसाद ने आरोप लगाया कि जिन लोगों की मौत हुई, उन्हें अलग-अलग समय पर रामसहाय जायसवाल ने शराब दी थी। उनका दावा है कि शराब पीने के कुछ समय बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और बाद में उनकी मौत हो गई। कामता प्रसाद ने बताया कि गांव में लगातार हो रही मौतों के बाद चर्चा है कि गड़े धन को पाने के लिए 21 लोगों की बलि देने की योजना बनाई गई थी। ग्रामीणों के बीच यह बात भी कही जा रही है कि अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है और 13 लोग बाकी हैं। उन्होंने दावा किया कि जिन लोगों की मौत हुई, उन्हें सीधे रामसहाय जायसवाल ने या फिर किसी अन्य व्यक्ति के माध्यम से शराब उपलब्ध कराई थी। …………………… इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… गड़े धन के लिए 21 नरबलि की थी तैयारी:8 मौतें, ग्रामीणों ने कराई शांति पूजा, बकरों-मुर्गों की बलि देने वाले बैगा की भी मौत छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले के कसडोल में पिछले तीन महीनों में हुई 8 रहस्यमयी मौतों से पूरे इलाके में दहशत है। ग्रामीणों की मांग पर पुलिस ने 7 शवों को कब्र से निकलवाकर पोस्टमॉर्टम और ॉरेंसिक जांच के लिए भेजा है। इन मौतों को लेकर गांव में तंत्र-मंत्र, गड़ा धन और मानव बलि की आशंकाओं को लेकर चर्चाएं हैं। पढ़ें पूरी खबर
