ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स की क्लोजिंग सेरेमनी आज:सिंगर शंकर महादेवन परफॉर्म करेंगे; 2030 के मेजबान भारत को मशाल पास किया जाएगा

ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की क्लोजिंग सेरेमनी आज रात 1:30 बजे से शुरु होगी। इसमें सिंगर शंकर महादेवन परफॉर्म करेंगे। इसी दौरान 2030 गेम्स के मेजबान भारत को बैटन (मशाल) पास किया जाएगा। गेम्स में पहली बार सभी 74 देशों को बैटन दिया जाएगा। इससे पहले सिर्फ मेजबान देश को बैटन पास किया जाता था। स्टोरी में गेम्स की क्लोजिंग सेरेमनी के बारे में… सेरेमनी की थीम है ‘कनेक्शन’ सेरेमनी ग्लासगो की ‘ओवो हाइड्रो एरिना’ में शुरु होगी। शो का मेन थीम है कनेक्शन। यानी 74 कॉमनवेल्थ देशों को जोड़ना और एथलीट्स को, ग्लासगो के लोगों को थैंक्यू कहना। स्कॉटलैंड की रॉक बैंड ‘सिम्पल माइंड्स’, लोकल आर्टिस्ट कैमी बर्न्स, बेम्ज और सैंडी थोम स्कॉटलैंड को ट्रिब्यूट देंगे। फोक-इलेक्ट्रॉनिक बैंड ‘एलिफेंट सेसंस’ परफॉर्म करेगें। पहली बार सभी 74 देश को बैटन मिलेगा किंग्स बैटन रिले पहली बार 1958 कार्डिफ गेम्स में शुरू हुई थी। बैटन करीब 470 मिलीमीटर लंबा और हर साइड 70 मिलीमीटर चौड़ा होता है। इसमें किंग चार्ल्स III का मैसेज रखा जाता है। ग्लासगो में पहली बार सभी 74 देश और क्षेत्र को अपना अलग कस्टमाइज्ड बैटन मिलेगा। इसे सभी देश अपनी संस्कृति के हिसाब से डिजाइन कर सकते हैं। गुजरात को ट्रिब्यूट देंगे कलाकार भारत के लिए 20 मिनट का स्पेशल ‘हैंडओवर सेगमेंट’ होगा। इसमें शंकर महादेवन अपने बेटे सिद्धार्थ और शिवम महादेवन के साथ परफॉर्म करेंगे। उनके साथ गुजराती सिंगर भूमि त्रिवेदी और फॉर्मर मिस वर्ल्ड मानुषी छिल्लर भी नजर आएंगी। परफॉर्मेंस में खासतौर पर गुजरात को ट्रिब्यूट दिया जाएगा, जहां 2030 गेम्स खेले जाने हैं। 2030 में गेम्स के 100 साल पूरे होंगे 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स अपने 100 साल पूरा करेगा। पहला एडिशन 1930 में कनाडा के हैमिल्टन शहर में हुआ था। भारत दूसरी बार गेम्स की मेजबानी करेगा। 2010 का गेम्स भारत के दिल्ली में खेला गया था। ऑस्ट्रेलिया ने सबसे ज्यादा 5 बार गेम्स की मेजबानी की है। कनाडा और स्कॉटलैंड में 4 बार टूर्नामेंट खेला गया। इंडिया 2010 में कॉमनवेल्थ गेम्स होस्ट कर चुका इंडिया इससे पहले भी कई बड़े मल्टी-स्पोर्ट्स इवेंट होस्ट कर चुका है। 1951 और 1982 में एशियन गेम्स दिल्ली में खेला गया था। 2003 में एफ्रो-एशियन गेम्स हैदराबाद में हुआ। फिर 2010 में दिल्ली में भारत ने पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी की थी। मेजबानी में भारत ने 101 मेडल जीते थे 2010 एडिशन में भारत ने 101 मेडल जीते थे। इनमें 38 गोल्ड, 27 सिल्वर और 26 ब्रॉन्ज शामिल थे। यह अब तक भारत का बेस्ट परफॉर्मेंस है।

More From Author

कॉमनवेल्थ गेम्स का आखिरी दिन:जूडो और साइक्लिंग में भारत को 5 मेडल की उम्मीद; ट्रैक साइक्लिंग में लिशा और रोनाल्डो उतरेंगे

पेरू में टूरिस्ट प्लेन क्रैश, क्रू समेत 13 की मौत:2000 साल पुरानी नाज्का लाइन्स देखने गए थे; मरने वालों की पहचान नहीं हो सकी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *