साइकल मैकेनिक की बेटी अस्मिता ने पहला जूडो गोल्ड दिलाया:सोमन ने सेना में ब्लास्ट में पैर गंवाया; कॉमनवेल्थ गेम्स के 38 मेडलिस्ट की स्टोरी

11 दिन तक ग्लासगो में चले कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के 38 खिलाड़ियों ने 39 मेडल जीते। गुलवीर सिंह को डबल मेडल मिले। इनमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज शामिल रहे। साइकल मैकेनिक की बेटी अस्मिता दहिया ने भारत को जूडो में पहला गोल्ड दिलाया। सेना में सेवा के दौरान ब्लास्ट में पैर गंवाने वाले पैरा एथलीट सोमन राणा ने भी देश के लिए पदक जीता। स्टोरी में भारत के सभी मेडल विनर्स के बारे में जानिए, शुरुआत गोल्ड मेडलिस्ट से… ——————————————- कॉमनवेल्थ गेम्स से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… भारत को 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मशाल सौंपी गई, क्लोजिंग सेरेमनी में शंकर महादेवन, मानुषी छिल्लर ने परफॉर्म किया
ग्लासगो में 11 दिन तक चले कॉमनवेल्थ गेम्स का समापन हो गया है। रविवार रात को ओवो हाइड्रो एरिना में ऑस्ट्रेलियन सिंगर डेल्टा गूडरेम की परफॉर्मेंस से क्लोजिंग सेरेमनी की शुरुआत हुई। पढ़ें पूरी खबर

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