लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को बर्लिन में कहा कि RSS प्रमुख खुले तौर पर कह रहे हैं कि सच्चाई का कोई महत्व नहीं है, शक्ति महत्वपूर्ण है। यही उनमें और हममें अंतर है। उन्होंने कहा कि हमारी पूरी संस्कृति सत्य पर आधारित है। आप किसी भी धर्म को देख लें, मूल रूप से वे यही कहते हैं कि सत्य का पालन करो। कांग्रेस, महात्मा गांधी और आप सभी, हम भारत के सत्य की रक्षा करते हैं। आरएसएस ऐसा नहीं करती। राहुल गांधी 5 दिन के जर्मनी दौरे पर हैं। आज उन्होंने ओवरसीज इंडियन कांग्रेस के कार्यक्रम कनेक्टिंग कल्चर्स में भारतीय समुदाय को संबोधित किया। इसके अलावा उन्होंने जर्मन थिंक-टैंक में शामिल नेताओं के साथ बातचीत की और हर्टी स्कूल में भी स्पीच दी। यहां उन्होंने तेजी से बदलते वैश्विक माहौल के बीच भारत की दिशा पर अपनी बात रखी। राहुल की 2 स्पीच; लोकतंत्र केवल सरकार की व्यवस्था नहीं बल्कि जवाबदेही है राहुल ने जर्मनी के पूर्व चांसलर ओलाफ स्कोल्ज से मुलाकात की और साथ लंच किया। इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अनुसार, दोनों नेताओं के बीच वैश्विक मुद्दों, व्यापार और भारत-जर्मनी संबंधों पर चर्चा हुई। राहुल ने जर्मनी के वाइस चांसलर लार्स क्लिंगबील और पर्यावरण व जलवायु संरक्षण मंत्री कार्सटन श्नाइडर से भी अलग-अलग मुलाकात की। —————- ये खबर भी पढ़ें… भागवत बोले-हम जहां रहते हैं वो हिंदू घर जैसा दिखे:दीवारों पर विवेकानंद की तस्वीर हो या माइकल जैक्सन की, यह तय करना होगा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने 14 दिसंबर को कहा कि हिंदुओ को एकजुट होकर देश को आगे ले जाना होगा। हमें यह तय करना होगा कि घर की दीवारों पर स्वामी विवेकानंद की तस्वीर हो या माइकल जैक्सन की। भागवत ने ये बातें अंडमान के श्रीविजय पुरम में स्थित नेताजी स्टेडियम में विराट हिंदू सम्मेलन समिति द्वारा आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहीं। पूरी खबर पढ़ें…
