छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के धान उपार्जन केंद्र में 2.54 करोड़ से ज्यादा का गायब मिला है। इस मामले में खरीदी प्रभारी के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। इसके अलावा कलेक्टर ने आरोपी को पद से हटाने के निर्देश दिए हैं। मामला मुंगेली थाना क्षेत्र के हथनीकला का है। जानकारी के अनुसार प्रशासनिक टीम ने जब धान उपार्जन केंद्र हथनीकला का निरीक्षण किया, तो रिकॉर्ड में दर्ज 8,216 क्विंटल धान मौके पर नहीं मिला। इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए टीम ने अपनी रिपोर्ट कलेक्टर को सौंपी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई की गई। देखिए पहले ये तस्वीरें- 90 केंद्रों में पूरा हो चुका है धान उठाव दरअसल, खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में जिले की 66 समितियों के 105 उपार्जन केंद्रों में लगभग 53 लाख क्विंटल धान की खरीदी हुई। इनमें 90 केंद्रों से 52.82 लाख क्विंटल से ज्यादा धान का शत-प्रतिशत उठाव पूरा हो चुका है। बाकी केंद्रों में उठाव प्रक्रिया जारी है। निरीक्षण के दौरान मिली गड़बड़ी इस बीच राजस्व, खाद्य, सहकारिता विभाग, नोडल सीसीबी की संयुक्त टीम हथनीकला केंद्र पहुंची। जांच के दौरान 8 हजार 216 क्विंटल धान गायब पाया गया। इसकी अनुमानित कीमत 2 करोड़ 54 लाख 70 हजार से ज्यादा आंकी गई है। खरीदी प्रभारी भी मौके पर नहीं मिला जांच में यह भी सामने आया कि 8,216 क्विंटल धान रिकॉर्ड में दर्ज है, लेकिन मौके पर नहीं है। इसके अलावा खरीदी प्रभारी विक्रम सिंह राजपूत 29 मार्च से बिना सूचना अनुपस्थित पाया गया। इसके बाद टीम ने रिपोर्ट कलेक्टर को सौंपी। कलेक्टर ने दिए विभागीय जांच के निर्देश इस मामले में कलेक्टर कुंदन कुमार ने खरीदी प्रभारी विक्रम सिंह राजपूत के खिलाफ केस दर्ज करने के निर्देश दिए, जिस पर मुंगेली थाने में उसके खिलाफ FIR दर्ज की गई है। साथ ही कलेक्टर ने विभागीय जांच कर पद से हटाने के भी निर्देश दिए हैं। ……………………… इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… जशपुर के धान खरीदी केंद्र में 6.55 करोड़ का घोटाला: 20,586 क्विंटल धान गायब किया, रिकॉर्ड में की हेराफेरी; 6 पर FIR, फड़ प्रभारी गिरफ्तार छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के धान खरीदी केंद्र में खरीफ विपणन साल 2024-25 के दौरान बड़ी अनियमितता सामने आई थी। जहां करीब 6 करोड़ 55 लाख रुपए की आर्थिक गड़बड़ी पाई गई थी। जब अपेक्स बैंक के नोडल अधिकारी ने मौके का निरीक्षण किया तो मामले का खुलासा हुआ था। पढ़ें पूरी खबर…
