दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों के प्रमुख अब सिर्फ कारोबारी चेहरे नहीं रहे, बल्कि राजनीति, समाज और जनभावनाओं के सीधे निशाने पर हैं। इसी वजह से उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा पर खर्च हैरान करने वाले स्तर तक पहुंच गया है। 2024 में 10 बड़ी टेक कंपनियों ने अपने सीईओ की सुरक्षा पर करीब ₹369 करोड़ (45 मिलियन अमेरिकी डॉलर) से ज्यादा खर्च किया। इसमें सबसे बड़ा हिस्सा मेटा के प्रमुख मार्क जुकरबर्ग और उनके परिवार की सुरक्षा का रहा, जिस पर अकेले करीब ₹221 करोड़ (27 मिलियन डॉलर) खर्च हुए। दरअसल, अब खतरे केवल कारोबारी प्रतिद्वंद्वियों और असंतुष्ट कर्मचारियों से नहीं हैं। डेटा का दुरुपयोग, बड़े पैमाने पर छंटनी, अरबों डॉलर की दौलत और राजनीति में सीधी दखल ने टेक दिग्गजों को आम जनता के गुस्से का निशाना बना दिया है। जुकरबर्ग के परिवार पर ₹221 करोड़ खर्च इलॉन मस्क की सुरक्षा में 20 गार्ड बेजोस की सेफ्टी पर ₹13 करोड़ का खर्चा अमेरिकी हेल्थकेयर कंपनी के CEO की हत्या से खौफ में टेक दिग्गज एजेंसियां सोशल मीडिया इंटेलिजेंस की सर्विस भी दे रहीं
सुरक्षा खतरे अब केवल हथियारबंद हमलों तक सीमित नहीं रहे। साइबर हमले, घर में सेंध और डीपफेक तकनीक ने सुरक्षा के नए आयाम खोल दिए हैं। सुरक्षा एजेंसियां अब सिर्फ बॉडीगार्ड्स तक सीमित नहीं हैं। वे साइबर सिक्योरिटी, डिजिटल मॉनिटरिंग और सोशल मीडिया इंटेलिजेंस जैसी सेवाएं भी दे रही हैं। एआई आधारित डीपफेक वॉइस का इस्तेमाल करके कंपनियों से फर्जी फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन करवाने की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। ऐसे में सीईओ और कंपनियों के डेटा की सुरक्षा अब प्राथमिकता बन गई है। …………………. यह खबर भी पढ़ें… ट्रम्प ने मस्क को दी धमकी: डेमोक्रेट्स को फंडिंग की तो गंभीर नतीजे भुगतने होंगे; कहा- इलॉन के साथ अब रिश्ता खत्म अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा था कि उनका अरबपति इलॉन मस्क के साथ रिश्ता खत्म हो गया है। NBC न्यूज से बात करते हुए ट्रम्प ने मस्क को चेतावनी दी कि अगर विपक्षी डेमोक्रेट्स का साथ दिया तो गंभीर नतीजे भुगतने पड़ेंगे। पूरी खबर पढ़ें…
