इंदौर पुलिस ने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के छोटे भाई कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी को ड्रग सप्लाई से जुड़े मामले में हिरासत में लिया है। पुलिस का दावा है कि ब्राउन शुगर के साथ पकड़े गए दो आरोपियों से पूछताछ में नाना का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस ने उन्हें गुरुवार दोपहर हिरासत में लिया। देर रात उन्हें पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया। कांग्रेस ने कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध बताते हुए सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया है। डीसीपी नरेंद्र सिंह रावत ने बताया कि राजेंद्र नगर पुलिस ने रेतमंडी चौराहा स्थित डी-मार्ट के पास से इरफान खान उर्फ गोलू चंदेरी और रोनी को गिरफ्तार किया था। तलाशी में उनके पास से करीब 10 ग्राम ब्राउन शुगर बरामद हुई। पूछताछ में दोनों ने नाना पटवारी और मानव गंगवानी का नाम लिया। इसके बाद पुलिस ने दोनों से पूछताछ की, लेकिन फिलहाल उन्हें गिरफ्तार नहीं किया गया है। पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया। जरूरत पड़ने पर दोबारा पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है। डीसीपी बोले- सीडीआर और अन्य सबूतों की जांच डीसीपी रावत ने बताया कि मामले में कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर), आपसी बातचीत और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच की जा रही है। पूरे नेटवर्क का खुलासा करने के लिए तकनीकी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। जांच में जिसकी भी भूमिका सामने आएगी, उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
NDPS एक्ट में कार्रवाई, 5 घंटे जांच के बाद गिरफ्तारी एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई होने के कारण पुलिस ने मौके पर एफएसएल टीम को बुलाया। करीब पांच घंटे तक मौके पर जांच और साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई की गई। इसके बाद नाना को गिरफ्तार कर आगे की पूछताछ शुरू की गई। जीतू पटवारी ने कहा-बदले की कार्रवाई कर रही सरकार इधर, गिरफ्तारी की सूचना मिलने के बाद जीतू पटवारी ने अपने कानूनी सलाहकारों से चर्चा की। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार और उज्जैन जमीन खरीद मामले को लेकर आंदोलन की घोषणा के बाद सरकार दबाव बनाने के लिए यह कार्रवाई कर रही है। जीतू पटवारी ने भी सोशल मीडिया पर इसे “बदले की कार्रवाई” बताया। नाना पटवारी के खिलाफ 10 केस दर्ज नाना के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित 10 आपराधिक मामले दर्ज हैं। उन्हें 2023 विधानसभा चुनाव के दौरान भी गिरफ्तार किया गया था। उन पर करीब सात साल पुराने हत्या के प्रयास के मामले में फरार रहने का आरोप था। साल 2025 में इंदौर के तेजाजी नगर थाने में नाना और उनके दो सहयोगियों के खिलाफ FIR कराई गई थी। शिकायतकर्ता नरेंद्र मेहता ने आरोप लगाया था कि उनकी जमीन पर धोखे से कब्जा करने का प्रयास किया गया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी गई। महिला ने लगाया था छेड़छाड़ का आरोप नवंबर 2018 में नाना पटवारी पर धारा 354 (क) के तहत केस दर्ज हुआ था। शिकायतकर्ता महिला ने आरोप लगाए हैं कि नाना के साथ क्रुणाल पटवारी, चेतन पटवारी, सुदील चौधरी, गब्बू पटवारी और अन्य 40-50 लोग कार-बाइक से मेरे घर पहुंचे। फिर जबरदस्ती अंदर घुस आए। नाना के हाथ में पिस्टल जबकि बाकी के हाथ में चाकू और तलवार थी। नाना पटवारी ने मेरा हाथ बुरी नीयत से पकड़ा था। खुशी सुसाइड केस में भी आया था नाम जुलाई 2018 में इंदौर में 37 वर्षीय खुशी कूलवाल ने सुसाइड किया था। हाई प्रोफाइल पार्टियों में अक्सर दिखने वाली खुशी ने महालक्ष्मी नगर स्थित अपने फ्लैट में फांसी लगा ली थी। जांच के दौरान पुलिस ने उसके करीबी लोगों से पूछताछ की थी। कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी का नाम भी जांच में सामने आया था। हालांकि, पूछताछ के बाद उन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई थी। 2025 में यह मामला फिर चर्चा में आया, जब पुलिस ने ड्रग कनेक्शन समेत अन्य पहलुओं पर जांच शुरू की। पुलिस यह पड़ताल कर रही है कि मामले का हाई प्रोफाइल पार्टियों से क्या कनेक्शन है? खुशी कूलवाल किन लोगों के संपर्क में थी? आत्महत्या से पहले की परिस्थितियों में किन लोगों की क्या भूमिका रही? ये खबर भी पढ़ें…. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पटवारी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान बसपा प्रत्याशी देवाशीष जरारिया पर भाजपा से सांठगांठ के आरोप लगाने के मामले में मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है। ग्वालियर की विशेष MP-MLA कोर्ट ने भिंड पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिए हैं कि अगली सुनवाई पर पटवारी की कोर्ट में उपस्थिति सुनिश्चित कराई जाए। पढ़ें पूरी खबर…
