ईरान ने कहा है कि वह होर्मुज स्ट्रेट का इस्तेमाल अपने खिलाफ सैन्य कार्रवाई के लिए नहीं होने देगा। UN सुरक्षा परिषद में ईरान के राजदूत अमीर-सईद इरावानी ने कहा कि होर्मुज ईरान की सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों से जुड़ा है। उन्होंने कहा, होर्मुज में ईरान की कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय कानून के मुताबिक है और किसी भी तरह की दखल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसी बीच AP की रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका-ईरान 60 दिन के सीजफायर MoU (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) पर सहमत हो गए हैं। हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की अंतिम मंजूरी अभी बाकी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक समझौते का मकसद संघर्ष विराम बढ़ाना और ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर औपचारिक बातचीत शुरू करना है। प्रस्तावित समझौते के तहत होर्मुज में जहाजों की आवाजाही बिना रोकटोक जारी रहेगी। पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स… 1. होर्मुज टोल पर अमेरिका की चेतावनी- अमेरिका ने ओमान को चेतावनी दी कि अगर उसने होर्मुज स्ट्रेट में ईरान की टोल वसूली व्यवस्था का साथ दिया, तो शामिल देशों, कंपनियों और लोगों पर सख्त कार्रवाई होगी। 2. ट्रम्प की ईरान नीति पर सवाल- डेमोक्रेटिक सीनेटर क्रिस मर्फी ने कहा कि ट्रम्प प्रशासन लगातार गलत फैसले ले रहा है और ओमान को दी गई धमकी दिखाती है कि ईरान युद्ध नियंत्रण से बाहर जा रहा। 3. खामेनेई का अमेरिका-इजराइल पर आरोप- ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई ने कहा कि अमेरिका और इजराइल सैन्य मोर्चे पर नाकाम रहने के बाद अब ईरान को अंदर से तोड़ने की कोशिश कर रहे। 4. ईरानी अथॉरिटी पर अमेरिकी प्रतिबंध- अमेरिका ने ईरान की नई पर्शियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी पर प्रतिबंध लगाए। ईरान इसके जरिए जहाजों की जानकारी लेने और होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने पर टोल वसूलने की तैयारी कर रहा है। 5. अमेरिकी एयरबेस पर हमले का दावा- IRGC ने दावा किया कि उसने अमेरिकी एयरबेस पर मिसाइल हमला किया। ईरान के मुताबिक, यह कार्रवाई बंदर अब्बास एयरपोर्ट के पास हुए अमेरिकी हमले के जवाब में की गई। ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
