25 मई से नौतपा शुरू हो रहे हैं, लेकिन उससे पहले ही तापमान 48°C पहुंच गया है। यह आंकड़ा उत्तर प्रदेश के बांदा में रिकॉर्ड हुआ। तापमान के लिहाज से 20 मई को बांदा दुनिया का तीसरा सबसे गर्म शहर रहा। बांदा से ज्यादा तापमान केवल मिस्र के असवान में 49.4°C और सऊदी अरब के अराफात में 48.4°C रिकॉर्ड किया गया। दुनिया भर में सबसे ज्यादा तापमान की लिस्ट में खजुराहो 47.4°C के साथ चौथे नंबर पर रहा। बुधवार को उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, ओडिशा और महाराष्ट्र के 16 शहरों में भी तापमान 46°C से ज्यादा रहा। मौसम विभाग के मुताबिक पाकिस्तान के बलूचिस्तान और थार मरुस्थल से आ रही सूखी और गर्म हवाएं सीधे उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में पहुंच रही हैं। इससे मई के आखिरी हफ्ते या जून वाली गर्मी अभी से महसूस हो रही है। महाराष्ट्र के वर्धा में 47.1°C, हरियाणा के रोहतक में 46.9°C, महाराष्ट्र के नागपुर में 46.6°C और मध्य प्रदेश के नौगांव में भी पारा 46.6°C तक पहुंच गया। हेल्थ अलर्ट: प्यास न लगे तो भी थोड़ा-थोड़ा पानी पियें एम्स दिल्ली में मेडिसिन विभाग के प्रोफेसर डॉ. नीरज निश्चल के मुताबिक सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक की धूप से बचें। बुजुर्ग, बच्चे और पहले से बीमार लोगों को ऐसी गर्मी से ज्यादा खतरा है। जब प्यास न भी लगे, गला न सूखे, फिर भी पानी पीते रहें। 4 लीटर पानी दिनभर में पियें। गर्मी के घंटों के दौरान कोई भी मेहनत न करें। ढीले और हल्के रंग के कपड़े ही पहनें। मानसून एक जगह पर अटका मानसून का आगे बढ़ना भी रुक गया है। फिलहाल वह तीन दिन से एक ही स्थान अंडमान-निकोबार और कोलंबो के आसपास अटका हुआ है। इसे आगे बढ़ने के लिए कोई भी ताकत नहीं मिल रही है। मौसम विभाग ने बताया कि गुरुवार से पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत में मौसम बदलने लगेगा। अरुणाचल, असम, मेघालय में कुछ जगह भारी से भारी बारिश की चेतावनी है, जबकि तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल, लक्षद्वीप, कर्नाटक के कुछ हिस्सों में 24 मई तक बारिश का अच्छा दौर रह सकता है। बाकी देश तपता रहेगा। देशभर में मौसम की तस्वीरें… केदारनाथ में भूस्खलन, 10 हजार से ज्यादा यात्री सुरक्षित निकाले गए मंगलवार देर रात केदारनाथ यात्रा के सोनप्रयाग-गौरीकुंड मुख्य मार्ग पर मुनकटिया स्थान के पास भारी बारिश के कारण अचानक स्लाइडिंग होने से यात्रा मार्ग अचानक बाधित हो गया। पहाड़ियों से लगातार मलबा और पत्थर गिरने के कारण क्षेत्र में खतरे की स्थिति बनी रही। इस हादसे के बाद बड़ी संख्या में यात्री मार्ग के दोनों ओर फंस गए थे। हालांकि यहां फंसे लगभग 10,450 यात्रियों को राहत और बचाव टीम ने बुधवार को रेस्क्यू कर लिया है और उन्हें सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ और डीडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं और रातभर रेस्क्यू अभियान चलाया। फिलहाल मार्ग से मलबा हटाने का काम जारी है। अगले दो दिन के मौसम का हाल 22 मई: 23 मई: राज्यों से मौसम की खबरें… 1. राजस्थान: श्रीगंगानगर सबसे गर्म पारा 46 डिग्री पार, अगले चार दिन आधे राजस्थान में हीटवेव का रेड अलर्ट प्रदेश में गर्मी और हीटवेव (लू) से लोग परेशान हैं। कोटा, चित्तौड़गढ़, पिलानी (झुंझुनूं), अलवर समेत अन्य शहरों का तापमान 44 डिग्री से ऊपर दर्ज हुआ। सबसे गर्म शहर श्रीगंगानगर रहा, जहां का अधिकतम तापमान 46 डिग्री से ज्यादा रहा। अगले चार-पांच दिन तेज गर्मी और हीटवेव से राहत मिलने की संभावना कम है। पढ़ें पूरी खबर… 2. मध्य प्रदेश: 7 जिलों में हीटवेव का रेड अलर्ट, 34 साल में खजुराहो मई में सबसे ज्यादा गर्म खजुराहो, नौगांव, निवाड़ी, दतिया, राजगढ़ समेत कई शहर भट्टी की तरह तप रहे हैं। बुधवार को 16 शहरों में पारा 44 डिग्री के पार रहा। खजुराहो 47.4 डिग्री के साथ सबसे गर्म रहा। मौसम विभाग के अनुसार, मई में पहली बार खजुराहो इतना तपा है। इससे पहले 29 अप्रैल 1993 को तापमान 46.9 डिग्री दर्ज किया गया था। पढ़ें पूरी खबर… 3. उत्तर प्रदेश: 23 जिलों में हीटवेव का रेड अलर्ट, बांदा 48 C के साथ देश का सबसे गर्म शहर प्रदेश पिछले एक हफ्ते से भीषण गर्मी की चपेट में है। बांदा लगातार चौथे दिन देश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां तापमान 48 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। 1951 के बाद यह बांदा का सबसे हाईएस्ट टेम्परेचर है। 2026 में बांदा चौथी बार सबसे गर्म जगह बना है। आज प्रदेश के 23 जिलों में लू का रेड अलर्ट है। पढ़ें पूरी खबर… 4. बिहार: 5 जिलों में हीटवेव का रेड अलर्ट, 43.4°C के साथ कैमूर सबसे गर्म; 23 जिलों में बारिश के आसार प्रदेश में इस समय दो अलग-अलग सिस्टम सक्रिय हैं। कई जिले भीषण गर्मी की चपेट में हैं। मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 5 जिलों में हीटवेव का रेड अलर्ट जारी किया है। यहां तापमान 45 डिग्री या उससे ऊपर पहुंच सकता है। सीतामढ़ी, मधुबनी समेत 23 जिलों में बारिश के आसार हैं। 43.4 डिग्री के साथ कैमूर सबसे गर्म जिला रहा। पढ़ें पूरी खबर… लगातार बढ़ रहा टेंपरेचर गुस्सा और चिड़चिड़ापन भी बढ़ाता है, क्यों होता है ब्रेन और इमोशंस पर हीट का असर, जरूरत की खबर में जानें दिमाग को कैसे शांत रखें… गर्मी में टेम्परेचर बढ़ने पर ज्यादातर लोग थकान, चिड़चिड़ापन या कम नींद जैसी समस्याएं महसूस करते हैं। कई बार काम में फोकस कम हो जाता है, बात-बात पर गुस्सा आता है या बिना वजह बेचैनी बढ़ती है। हीट वेव या लगातार हाई टेम्परेचर से स्ट्रेस लेवल, स्लीप प्रॉब्लम्स और मूड स्विंग्स से जुड़े केस बढ़ते हैं। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि गर्मियों में ज्यादा टेम्परेचर होने पर शरीर को ठंडा रखने के लिए ज्यादा ऊर्जा खर्च होती है, जिससे थकान और चिड़चिड़ापन बढ़ जाता है। ब्रेन में सेरोटोनिन और डोपामिन जैसे फील गुड हॉर्मोन्स का संतुलन बिगड़ने से मूड स्विंग, बेचैनी और गुस्सा बढ़ने की संभावना रहती है। पढ़ें पूरी खबर…
