छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के खात्मे की आज (31 मार्च) आखिरी दिन है। पुलिस का दावा है कि, बस्तर का दंतेवाड़ा अब नक्सलवाद की जंजीरों से आजाद हो गया है। जिले में सक्रिय अंतिम 5 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है। इन पर 9 लाख रुपए का इनाम घोषित था। वहीं, कांकेर जिले में भी 2 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इनमें पीपीसीएम (PPCM) शंकर और पीएम (PM) हिड़मा डोडी शामिल हैं, जिन्होंने एक एके-47 राइफल और वॉकी-टॉकी के साथ पुलिस के सामने सरेंडर किया है। यहां पिछले 6 दिन में 11 नक्सली मुख्यधारा में लौट चुके हैं। कांकेर में 14 नक्सली सक्रिय कांकेर जिले में अभी भी करीब 14 नक्सली सक्रिय हैं। इनमें डीवीसीएम स्तर के चंदर और रूपी शामिल है। पुलिस आत्मसमर्पण कर चुके नक्सलियों से जानकारी जुटाकर अब इलाके में छिपे बाकी नक्सलियों से संपर्क शुरू कर रही है। पुलिस उन्हें समझाकर मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रही है। नक्सलवाद से आजाद हुआ दंतेवाड़ा दंतेवाड़ा पुलिस लाइन कारली में मंगलवार को “पूना मारगेम-पुनर्वास से पुनर्जीवन” अभियान के तहत सरेंडर कार्यक्रम हुआ। इसमें दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी (DKSZC) से जुड़े 5 नक्सली मुख्यधारा में लौटे है। इनमें 4 महिला कैडर शामिल हैं। पुलिस ने अलग-अलग ऑपरेशन के दौरान इंसास, SLR, कार्बाइन, लॉन्चर समेत कई हथियार भी बरामद किए हैं। पुलिस का दावा है कि अब दंतेवाड़ा जिला भी नक्सल मुक्त हो चुका है। यहां की आबो हवाओं में अब हिंसा नहीं बल्कि अमन, चैन और शांति महसूस की जा सकती है। इन हथियारों की बरामदगी सरेंडर करने वाले नक्सलियों से मिली जानकारी के आधार पर सुरक्षा बलों ने अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई की। इस दौरान कुल 40 हथियार बरामद हुए है। दंतेवाड़ा में आखिरी 5 नक्सलियों ने किया सरेंडर सोमे कड़ती: एसीएम, भैरमगढ़ एरिया कमेटी, इनाम 5 लाख
लखमा ओयाम: पार्टी सदस्य, भैरमगढ़ एरिया कमेटी, इनाम 1 लाख
सरिता पोड़ियाम: पार्टी सदस्य, भैरमगढ़ एरिया कमेटी, इनाम 1 लाख
जोगी कलमू: पार्टी सदस्य, भैरमगढ़ एरिया कमेटी, इनाम 1 लाख
मोटी ओयाम: पार्टी सदस्य, गंगालूर एरिया कमेटी, इनाम 1 लाख ये हथियार हुए बरामद 8 SLR रायफल
3 इंसास रायफल
1 कारबाइन
1 .303 रायफल
5 BGL लॉन्चर
देसी पिस्टल फैक्ट फाइल साल 2024 से अब तक 607 नक्सली सरेंडर कर चुके हैं।
92 नक्सली गिरफ्तार किए गए।
54 नक्सली मुठभेड़ में मारे गए। 9 नक्सलियों ने आंध्र प्रदेश में किया था सरेंडर बता दें कि रविवार को आंध्र प्रदेश पुलिस के सामने 48 लाख के 9 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया था। इनमें एक सीनियर माओवादी नेता भी शामिल है, जो करीब 36 साल से संगठन में सक्रिय था। सरेंडर करने वाले 8 नक्सली छत्तीसगढ़ के सुकमा और बीजापुर जिलों के रहने वाले हैं। ये सभी PLGA बटालियन, एरिया कमेटी और अलग-अलग नक्सली यूनिट में एक्टिव थे। आंध्र पुलिस के मुताबिक, सेंट्रल कमेटी मेंबर और आंध्र-ओडिशा बॉर्डर स्पेशल जोनल कमेटी (AOBSZC) के सचिव चेल्लुरी नारायण राव उर्फ सुरेश ने अपने 8 साथियों के साथ डीजीपी के सामने सरेंडर किया है। 25 मार्च को पापाराव ने किया था सरेंडर 25 मार्च को बस्तर में नक्सली लीडर पापाराव समेत 18 नक्सलियों ने सरेंडर किया था। पापाराव बस्तर का आखिरी बड़ा कमांडर था। इसके सरेंडर के बाद कोई बड़ा नक्सली लीडर अब संगठन में नहीं बचा है। सरेंडर नक्सलियों में 10 पुरुष और 8 महिलाएं शामिल थी। नक्सलियों ने 12 लाख कैश समेत 8 AK-47, 1 SLR, 1 INSAS और अन्य हथियार पुलिस को सौंपा था। इसी दिन ओडिशा में भी 55 लाख के इनामी सुकरू ने अपने साथियों के साथ हथियार डाला था। ……………………………….. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… शाह बोले-कांग्रेस सरकार ने नक्सलवादियों को बचाकर रखा:कहा- भूपेश को पूछो, प्रूफ दूं क्या; बघेल बोले- सरासर झूठ, सबूत हो तो सार्वजनिक करें लोकसभा में सोमवार को नक्सलवाद पर चर्चा के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने दावा किया कि भारत अब लगभग नक्सल-मुक्त हो चुका है। आज यानी 31 मार्च 2026 तक तय लक्ष्य हासिल कर लिया गया है। अपने भाषण में शाह ने छत्तीसगढ़ की पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर नक्सलियों को बचाने का आरोप लगाया और यहां तक कहा ‘भूपेश बघेल को पूछो, प्रूफ दूं क्या।’ पढ़ें पूरी खबर…
