वर्ल्ड अपडेट्स:अमेरिका में पढ़ रहे भारतीय स्टूडेंट्स के लिए सरकार की गाइडलाइन- अमेरिकी कानूनों का पालन करें

भारत सरकार ने अमेरिका में पढ़ रहे भारतीय छात्रों के लिए गाइडलाइन जारी की है। सरकार ने कहा है कि छात्र अमेरिकी कानूनों का पालन करें। अमेरिका में एक भारतीय छात्र बदर खान सूरी की गिरफ्तारी और स्टूडेंट रंजिनी श्रीनिवासन के खुद को कनाडा डिपोर्ट करने के बाद सरकार ने ये गाइडलाइन जारी की है। बदर खान पर हमास का प्रोपेगैंडा फैलाने का आरोप लगा था, जबकि रंजिनी के फिलिस्तीन समर्थक रैली में शामिल होने के चलते वीजा रद किया गया था। भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया था कि दोनों ही स्टूडेंट्स ने मदद के लिए अमेरिका में भारतीय दूतावास से संपर्क नहीं किया था। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… यूक्रेन के पावर प्लांट पर ट्रम्प की नजर, कहा- रूसी हमलों से बचाना है तो अमेरिका को दें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अब यूक्रेन के बिजली और परमाणु ऊर्जा संयंत्रों को अमेरिका को सौंपने की पेशकश की है। उनका दावा है कि इससे यूक्रेन को रूसी हमलों से ‘बेहतर सुरक्षा’ मिलेगी। इसके साथ ही अमेरिका की एनर्जी टेक्नोलॉजी से यूक्रेन को फायदा होगा। यूक्रेन में चार प्रमुख परमाणु ऊर्जा संयंत्रों में कुल 15 रिएक्टर हैं, जिनमें से सबसे बड़ा जापोरिजिज्या संयंत्र 2022 से रूसी नियंत्रण में है। रूस के हमलों के कारण यूक्रेन की बिजली उत्पादन क्षमता 2022 की तुलना में एक-तिहाई रह गई है। ट्रम्प ने इससे पहले यूक्रेन में पाए जाने वाले दुर्लभ खनिजों को अमेरिका को सौंपने की बात कह चुके ​हैं। इस बीच यूक्रेन और अमेरिका के अधिकारी यूक्रेन युद्ध के मसले पर रविवार को मिलने वाले हैं। यह मुलाकात सऊदी अरब के रियाद में प्रस्तावित है। तुर्किये में इराकी वाणिज्य दूतावास पर AK-47 से गोलीबारी, हमलावर फरार तुर्किये के इस्तांबुल स्थित इराकी महावाणिज्य दूतावास पर अज्ञात बंदूकधारियों ने शुक्रवार शाम गोलीबारी की। विदेश मंत्रालय ने कहा कि बंदूकधारियों ने 8 गोलियां दागीं जिसमें कोई हताहत नहीं हुआ। तुर्किये विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ओन्कू केसेली ने कहा कि सिक्योरिटी यूनिट्स इस घटना की जांच कर रही है और दोषियों को पकड़ने में लगी है। अपराधियों को जल्द पकड़ा जाएगा। इस घटना को लेकर इराक के विदेश मंत्रालय ने कहा कि हमले के दौरान बंदूकधारी AK-47 राइफल का इस्तेमाल कर रहे थे। हमले का मकसद अभी पता नहीं चल पाया है।

More From Author

संसद में सरकार बोली- चीन का अवैध कब्जा स्वीकार नहीं:लद्दाख में उसने 2 नए कस्बे बना लिए, हमने डिप्लोमैटिक स्तर पर विरोध जताया

सरकारी नौकरी:DFCCIL में 642 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन की लास्ट डेट आज, 10वीं पास से लेकर इंजीनियर करें अप्लाई

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *