छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर और बिलासपुर में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार सुबह छापेमारी की। रायपुर में रहेजा ग्रुप के संचालक संजय रहेजा के ठिकानों पर छापेमारी की है। बताया जा रहा है कि वित्तीय लेन-देन और मनी लॉन्ड्रिंग केस में छापेमारी की गई है। सुबह से ED की टीम घर के अंदर दस्तावेज खंगाल रही है। वहीं बिलासपुर में सुल्तानिया ग्रुप के मीनाक्षी सेल्स के अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी की है। 2 गाड़ियों में ED की टीम पहुंची है। बताया जा रहा है कि सुल्तानिया परिवार के कारोबारी कोयला घोटाले के मुख्य आरोपी सूर्यकांत तिवारी के करीबी माने जाते हैं। ये रेड कोल घोटाले से ही जुड़ी हो सकती है। रायपुर में रहेजा ग्रुप के ठिकानों पर दबिश रायपुर के जवाहर मार्केट स्थित रहेजा ग्रुप के संचालक संजय रहेजा के घर और ऑफिस पर शुक्रवार सुबह से ही ED की टीम मौजूद है। अधिकारी दस्तावेज, फाइलों और वित्तीय रिकॉर्ड खंगाल रहे हैं। ED की टीम घर के भीतर कागजातों की जांच और पूछताछ कर रही है। बिलासपुर में सुल्तानिया ग्रुप पर छापा इसी तरह बिलासपुर में ED की टीम ने सुबह-सुबह सुल्तानिया परिवार के क्रांति नगर स्थित आवासीय और कारोबारी ठिकानों पर दबिश दी। सुल्तानिया ग्रुप के मीनाक्षी सेल्स के ठिकानों पर ED की टीम रिकॉर्ड, बैंक स्टेटमेंट और वित्तीय दस्तावेजों की बारीकी से जांच कर रही है। मीनाक्षी सेल्स, सुल्तानिया ग्रुप का कारोबार है, जो कोयला, सीमेंट, छड़, स्टील और अन्य ट्रेडिंग से जुड़ा हुआ है। वहीं, कार्रवाई के चलते इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े तार? फिलहाल ED की कार्रवाई किन गड़बड़ियों को लेकर हो रही है, इसका आधिकारिक खुलासा नहीं हुआ है। पिछले कुछ समय से छत्तीसगढ़ में कोयला और शराब कारोबार में मनी लॉन्ड्रिंग को लेकर लगातार जांच चल रही है। ऐसे में माना जा रहा है कि एजेंसी को किसी बड़े वित्तीय लेन-देन या मनी लॉन्ड्रिंग के इनपुट मिले हैं, जिसके बाद यह छापेमारी की गई है।
