मस्क 6 महीने में ट्रम्प कैंप में लौटे:नई पार्टी बनाने का प्लान रद्द, ट्रम्प के साथ डिनर में शामिल हुए, चुनावी फंडिंग भी करेंगे

टेस्ला के CEO इलॉन मस्क फिर से अमेरिकी राजनीति के केंद्र में लौट आए हैं। राष्ट्रपति ट्रम्प से टकराव के करीब 6 महीने बाद वे राजधानी वॉशिंगटन में सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल हुए। सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के सम्मान में आयोजित ट्रम्प के स्टेट डिनर में इलॉन मस्क भी शामिल हुए। मस्क अपनी नई राजनीतिक पार्टी बनाने का प्लान भी रद्द कर चुके हैं। मस्क ने यह भी कहा है कि वे 2026 मिडटर्म इलेक्शन में ट्रम्प की रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवारों का समर्थन करेंगे और फंडिंग देंगे। इसके जरिए उन्होंने संकेत दिया कि वे टकराव नहीं, बल्कि दोस्ती का रास्ता चुन रहे हैं। मस्क 6 महीने पहले ट्रम्प से भिड़ गए थे मस्क के मई में वॉशिंगटन छोड़ते समय तस्वीर आज से बिल्कुल अलग थी। तब मस्क ट्रम्प प्रशासन के बिग ब्यूटीफुल बिल और अपने करीबी जैरेड आइजेकमैन का नासा प्रमुख नहीं बनाए जाने से नाराज थे। मस्क ने दावा किया था कि ट्रम्प यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े सीक्रेट दस्तावेज इसलिए जारी नहीं कर रहे हैं क्योंकि उनमें उनका भी नाम है। मस्क ने सार्वजनिक रूप से तीसरी पार्टी (अमेरिका पार्टी) बनाने और रिपब्लिकन पार्टी को चुनौती देने का ऐलान किया था। अब हालात उलट है। मस्क की टीम ऑस्टिन के एक लग्जरी होटल में 2 दिन का DoGE टीम री-यूनियन कर रही है, जिसमें डिनर के साथ-साथ टेस्ला, स्पेसएक्स और द बोरिंग कंपनी के फैक्ट्री टूर की प्लानिंग है। मस्क खुद भी इसमें शामिल हो सकते हैं। यह संकेत हैं कि दोनों में समझौता हो चुका है। ट्रम्प के दो फैसलों से रिश्ते सुधरने की शुरुआत हुई मस्क जिन 2 मुद्दों पर सबसे ज्यादा नाराज थे, ट्रम्प ने बाद में उन्हीं पर ऐसे फैसले किए, जो सीधे मस्क के हित में थे। पहला- नासा प्रमुख के लिए मस्क के करीबी जैरेड आइजेकमैन का नामांकन वापस लेने पर बड़ा विवाद हुआ था। ट्रम्प ने कुछ ही हफ्तों पहले उन्हें दोबारा नासा हेड के लिए नॉमिनेट कर दिया, जिसे मस्क ने खुले तौर पर सेलिब्रेट किया। दूसरा, मस्क सीनियर वाइट हाउस अधिकारी सर्जियो गोर को लेकर भी बेहद खफा थे, जिन्हें वे आइजेकमैन का रास्ता रोकने वाला मानते थे। बाद में गोर को भारत में राजदूत नियुक्त कर वॉशिंगटन से हटाया गया। उनके विदाई समारोह में ट्रम्प ने मजाक में कहा कि कुछ लोग तुम्हें इतना पसंद नहीं करते। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने 11 नवंबर को सर्जियो गोर के भारत के राजदूत के तौर पर शपथ दिलाई थी…
चार्ली कर्क की शोक सभा से दोनों ने बात शुरू की ट्रम्प और मस्क के बीच मई में हुए विवाद के बाद पहली बार सितंबर में बातचीत हुई थी। तब दोनों यूटा के एक यूनिवर्सिटी कैंपस में गोलीबारी में मारे गए दक्षिणपंथी नेता चार्ली कर्क को श्रद्धांजलि देने आए थे। इस कार्यक्रम में 20,000 से ज्यादा लोग जुटे थे। स्मृति-सभा में ट्रम्प और मस्क एक-दूसरे के बगल में बैठे थे और आपस में बातचीत करते हुए नजर आए थे। मस्क के ‘डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी’ (DoGE) छोड़ने के बाद दोनों की यह पहली मुलाकात थी।
ट्रम्प को जिताने के लिए मस्क ने 2500 करोड़ रुपए खर्चे थे मस्क ने 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में ट्रम्प को ​जिताने के लिए करीब 2500 करोड़ रुपए (300 मिलियन डॉलर) खर्च किए, जिसके बाद वे राष्ट्रपति के सबसे खास लोगों में शामिल हो गए। ट्रम्प ने उन्हें सरकारी कामकाज में बचत और कटौती के लिए डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी (DoGE) का हेड बनाया था। हालांकि बाद में बिग ब्यूटीफुल बिल को लेकर दोनों में तकरार हो गई थी। मस्क ने मई 2025 में वॉशिंगटन छोड़ दिया। इसके बाद उन्होंने ट्रम्प पर कई आरोप लगाए थे और उन्हें एहसान फरामोश बताया था, जिसके जवाब में ट्रम्प ने धमकी दी थी कि वे मस्क की सब्सिडी बंद कर देंगे। बाद में मस्क ने दावा किया था कि वे नया राजनीतिक दल ‘अमेरिका पार्टी’ बना रहे हैं, ताकि रिपब्लिकन को चुनौती दी जा सके। इस ऐलान के बाद उन्होंने न तो कोई संगठन खड़ा किया, न कोई गंभीर कदम उठाया। दरअसल, मस्क को तीसरी पार्टी की असली जटिलता और लागत का अंदाजा नहीं था और उनके राजनीतिक सलाहकार भी ट्रम्प से सीधा टकराव नहीं चाहते थे। ————————- यह खबर भी पढ़ें… सऊदी अरब के पैसे से बसाया जाएगा गाजा:बदले में ट्रम्प ने जर्नलिस्ट मर्डर केस में क्राउन प्रिंस को क्लीन चिट दी सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने व्हाइट हाउस में कहा कि उनका देश गाजा को फिर से बसाने के लिए पैसा खर्च करेगा। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि खर्च करने की रकम कितनी होगी, यह अभी तय नहीं हुआ है। यहां पढ़ें पूरी खबर…

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