छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मीडिल स्कूल के 35 बच्चों ने ब्लेड, पिन और कांटो से अपने हाथ काट लिए। घटना 18 फरवरी की है। स्कूल प्रबंधन को अचानक सभी बच्चों के हाथ कटे पीटे दिखे तो तुरंत डॉक्टरों की टीम बुलाई गई थी। जहां जांच में 6वीं 8वीं के बच्चों के हाथों पर ब्लेड या पिन से बने गहरे निशान देखे गए हैं। मामला कुरूद ब्लॉक के दहदहा गांव स्थित शासकीय माध्यमिक शाला का है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि बच्चों ने खेल खेल में एक दूसरे को टास्क दिया था। जिसके बाद सभी ने बबूल के कांटे, ब्लेड और पिन से हाथ काटे। हालांकि इस बात पर अभी जांच जारी है। इधर, डीईओ अभय जायसवाल ने इस मामले में प्राचार्य और प्रधान पाठक को नोटिस जारी करते हुए 3 दिन के भीतर जवाब मांगा है। प्रशासन ने शुरुआती तौर पर स्पष्ट किया है कि यह घटना नशा, अंधविश्वास या काला जादू से संबंधित नहीं है, बल्कि बच्चों ने एक-दूसरे को देखकर ऐसा किया है। बच्चों के हाथ में कट के निशान की तस्वीरें देखिए दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई मामला 13 फरवरी को सामने आया था। 16 फरवरी को जिला प्रशासन और जिला शिक्षा अधिकारी ने संज्ञान लिया। जब से अब तक जांच जारी है। स्पष्ट जानकारी अब तक सामने नहीं आई है। 18 फरवरी को डॉक्टरों की टीम स्कूल पहुंची और बच्चों की जांच की गई। अनुविभागीय दंडाधिकारी (एसडीएम) द्वारा घटना की जांच की जा रही है। कलेक्टर ने जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। एक दूसरे को देखकर काटने की बात आई सामने बच्चों की ओर से ऐसा कदम उठाने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। हालांकि, कुछ बच्चों ने बताया कि उन्होंने एक-दूसरे को देखकर ऐसा किया। अभिभावकों ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि बच्चे घर पर ऐसा व्यवहार नहीं करते हैं और यह स्कूल में हुई लापरवाही का परिणाम हो सकता है। उन्होंने स्कूल में सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। परिजनों से भी पूछताछ जारी वर्तमान में स्कूल में बच्चों और उनके अभिभावकों की काउंसलिंग की जा रही है, ताकि घटना के पीछे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। प्रशासन इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रहा है। काउंसलिंग के बाद कारणों का पता चलेगा माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य पुनीत राम साहू ने बताया कि 13 फरवरी को संज्ञान में आया। इसके बाद उच्च अधिकारियों को इसके बारे में जानकारी दी गई। और जांच के लिए निवेदन किया गया इसके बाद 16 तारीख के बाद से काउंसलिंग अभी भी जारी है। कलेक्टर बोले- प्रारंभिक जांच की जा रही इस मामले में कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने बताया तीन दिन पहले यह मामला सामने आया है। जिसकी प्रारंभिक जांच की जा रही है। किसने इंस्टिगेट किया, क्या कारण हैं, क्या किसी ने मोटिवेट किया है, जिसने भी इंस्टिगेट किए होंगे उनके ऊपर कारवाई किया जाएगा। जिसकी जांच एसडीएम की ओर से किया जा रहा है। DFO का दावा- निशान नहीं मिले डीईओ अभय जायसवाल ने बताया कि घटना की विस्तृत जानकारी मांगी गई है और जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी दावा किया कि जांच प्रक्रिया के दौरान बच्चों के हाथों में कोई निशान नहीं पाए गए। हालांकि स्कूल प्रबंधन से जवाब मांगा गया है। ……………… यह खबर भी पढ़ें… कोरबा में 48 घंटे में 4 स्टूडेंट्स ने की आत्महत्या:जांजगीर-चांपा में छात्रा ने की खुदकुशी, मनोचिकित्सक बोले- पढ़ाई के लिए ज्यादा दबाव न डाले छत्तीसगढ़ में 12वीं की बोर्ड परीक्षा 20 फरवरी से और 10वीं की परीक्षा 21 फरवरी से शुरू होने वाली है। लेकिन परीक्षा से पहले ही कई स्टूडेंट्स तनाव में आकर आत्महत्या जैसे कदम उठा रहे हैं। कोरबा में पिछले 48 घंटों में 4 स्टूडेंट ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। पढ़ें पूरी खबर…
