अमेरिका की फेडरल रिजर्व की पूर्व गवर्नर लिसा कुक ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के खिलाफ कोर्ट में मुकदमा दायर किया है। ट्रम्प ने उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने फेडरल रिजर्व की गवर्नर पद से हटा दिया था। लिसा कुक ने कोर्ट से कहा कि ट्रम्प का उन्हें हटाने का फैसला गलत और गैरकानूनी है। उन्होंने फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल को भी इस केस में शामिल किया है। ट्रम्प लंबे समय से फेडरल रिजर्व पर ब्याज दरें (लोन और बचत की दर) कम करने का दबाव डाल रहे हैं। कुक उस सात लोगों की टीम में हैं, जो अमेरिका में ब्याज दरें तय करती है। कुक के वकील एबे लोवेल ने कहा- ट्रम्प की कुक को हटाने की कोशिश गलत है। फेडरल रिजर्व का कानून कहता है कि गवर्नर को हटाने के लिए ठोस कारण चाहिए और कुक के पुराने लोन के कागजों में बिना सबूत के आरोप ठोस कारण नहीं है। ट्रम्प ने 3 दिन पहले पद से हटाया था ट्रम्प ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल जानकारी देकर लिसा कुक को पद से हटाया था। लिसा कुक को 2022 में तत्कालीन राष्ट्रपति जो बाइडेन ने नियुक्त किया था। उन्होंने कहा- लिसा कुक को तत्काल प्रभाव से फेडरल रिजर्व के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स से हटाया जा रहा है। मॉर्गेज फ्रॉड के आरोपों के बाद हटाया गया हाल ही में उनपर मॉर्गेज फ्रॉड (गृह ऋण में धोखाधड़ी) का आरोप लगा था। ये आरोप फेडरल हाउसिंग फाइनेंस एजेंसी (FHFA) के डायरेक्टर बिल पुल्टे ने लगाए, जो ट्रम्प के कट्टर समर्थक और फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल के आलोचक माने जाते हैं। ट्रम्प ने 22 अगस्त को लिसा कुक से इस्तीफा मांगा था पुल्टे ने 20 अगस्त को इस मामले को लेकर डिपार्टमेंट ऑफ जस्टिस (DOJ) को एक क्रिमिनल रेफरल भेजा था। इसके बाद जस्टिस डिपार्टमेंट के वकील एड मार्टिन ने फेड चेयर जेरोम पॉवेल को पत्र लिखकर लिसा कुक को तुरंत हटाने की मांग की। ट्रम्प ने भी इस मुद्दे को तूल देते हुए पहले कुक से इस्तीफा मांगा और फिर 22 अगस्त को ऐलान किया कि अगर कुक इस्तीफा नहीं देतीं, तो वह उन्हें बर्खास्त कर देंगे। आखिरकार, 26 अगस्त को ट्रम्प ने अपने वादे को अमल में लाते हुए कुक को हटा दिया। लिसा कुक बोलीं- किसी के दबाव में इस्तीफा नहीं देंगी कुक ने कहा था- मुझे पता चला कि FHFA डायरेक्टर ने मेरे 4 साल पुराने मॉर्गेज एप्लिकेशन के आधार पर क्रिमिनल रेफरल बनाया है, जो कि मेरे फेड में शामिल होने से पहले का है। मैं किसी ट्वीट के आधार पर दबाव में इस्तीफा नहीं दूंगी। मैं अपने वित्तीय इतिहास से जुड़े सवालों को गंभीरता से ले रही हूं और सही जानकारी जुटाकर इसका जवाब दूंगी। कुक ने यह भी कहा था कि वह इन आरोपों का जवाब देने के लिए तथ्यों को इकट्ठा कर रही हैं। हालांकि, ट्रम्प प्रशासन ने उनके जवाब का इंतजार नहीं किया। 2022 में फेडरल रिजर्व में शामिल हुई थीं लिसा लिसा कुक मई 2022 में फेडरल रिजर्व के बोर्ड में शामिल हुई थीं और वह इस बोर्ड की पहली अश्वेत महिला गवर्नर बनीं। उनकी मौजूदा नियुक्ति 2038 तक थी। इससे पहले उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के प्रशासन में काउंसिल ऑफ इकोनॉमिक एडवाइजर्स में काम किया था। क्या ट्रम्प के पास है हटाने का अधिकार? फेडरल रिजर्व एक्ट 1913 के तहत, राष्ट्रपति किसी गवर्नर को केवल “कारण” दिखाकर ही हटा सकता है। जैसे कि गंभीर पेशेवर कदाचार या मालफीज़न्स। कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि बिना किसी ठोस सबूत या कोर्ट में दोष सिद्ध होने के लिसा कुक को हटाना कानूनी रूप से चुनौतीपूर्ण हो सकता है। कोलंबिया लॉ स्कूल के प्रोफेसर लेव मेनेंड और यूनिवर्सिटी ऑफ पेनसिलवेनिया के प्रोफेसर पीटर कोंटी-ब्राउन ने कहा कि अभी तक कुक के खिलाफ लगे आरोप “पर्याप्त” नहीं हैं, और अगर यह मामला कोर्ट में गया, तो यह जटिल हो सकता है। बोर्ड में ट्रम्प के समर्थकों की संख्या बहुमत में हो सकती है लिसा कुक को हटाने से ट्रम्प को फेड के सात सदस्यों वाले बोर्ड में एक और नियुक्ति का मौका मिलेगा। अभी बोर्ड में दो गवर्नर – क्रिस्टोफर वालर और मिशेल बोमैन – ट्रम्प द्वारा नियुक्त हैं। हाल ही में एक अन्य गवर्नर, एड्रियाना कुगलर ने इस्तीफा दिया था, जिसके लिए ट्रम्प ने अपने आर्थिक सलाहकार स्टीफन मिरान को नामित किया है। अगर कुक की जगह भी ट्रम्प का कोई समर्थक आता है, तो बोर्ड में ट्रम्प के समर्थकों की संख्या बहुमत में हो सकती है, जिससे वह फेड की नीतियों पर ज्यादा प्रभाव डाल सकेंगे।
