केंद्र सरकार जाति जनगणना कराएगी। यह फैसला बुधवार को केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में लिया गया। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रेस ब्रीफिंग में बताया कि जाति जनगणना, मूल जनगणना में ही शामिल होगी। जनगणना इस साल सितंबर से शुरू की जा सकती है। इसे पूरा होने में एक साल लगेगा। ऐसे में जनगणना के अंतिम आंकड़े 2026 के अंत या 2027 की शुरुआत में आएंगे। हालांकि जनगणना कब से शुरू होगी इसके बारे में सरकार ने कुछ नहीं कहा है। 2021 में जनगणना को कोविड-19 महामारी के कारण टाल दिया गया था। जनगणना आमतौर पर हर 10 साल में की जाती है। जातिगत जनगणना पर पार्टियों का स्टैंड केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने कहा- कांग्रेस की सरकारों ने हमेशा जाति जनगणना का विरोध किया
केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने कहा, ‘1947 से जाति जनगणना नहीं की गई। कांग्रेस की सरकारों ने हमेशा जाति जनगणना का विरोध किया। 2010 में दिवंगत डॉ. मनमोहन सिंह सिंह ने कहा था कि जाति जनगणना के मामले पर कैबिनेट में विचार किया जाना चाहिए। इस विषय पर विचार करने के लिए मंत्रियों का एक समूह बनाया गया था। अधिकांश राजनीतिक दलों ने जाति जनगणना की सिफारिश की। इसके बावजूद, कांग्रेस सरकार ने जाति का सर्वेक्षण या जाति जनगणना कराने का फैसला किया। उन्होंने कहा कि यह अच्छी तरह से समझा जा सकता है कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों ने जाति जनगणना को केवल एक राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल किया है। कुछ राज्यों ने यह अच्छा किया है, कुछ अन्य ने केवल राजनीतिक दृष्टिकोण से गैर-पारदर्शी तरीके से ऐसे सर्वेक्षण किए हैं। ऐसे सर्वेक्षणों ने समाज में संदेह पैदा किया है यह सुनिश्चित करने के लिए कि राजनीति से हमारा सामाजिक ताना-बाना खराब न हो, सर्वेक्षण के बजाय जाति गणना को जनगणना में शामिल किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा किभारतीय संविधान के आर्टिकल 246 के अनुसार, जनगणना का विषय सातवीं अनुसूची की संघ सूची में 69वें नंबर पर सूचीबद्ध है, जो इसे संघ का विषय बनाता है। जबकि कुछ राज्यों ने जाति-आधारित सर्वेक्षण किए हैं, लेकिन दृष्टिकोण में काफी भिन्नता रही है। कुछ मामलों में, ये सर्वेक्षण पारदर्शी और संगठित तरीके से किए गए हैं, जबकि अन्य में, वे राजनीतिक उद्देश्यों की पूर्ति करते हुए दिखे। 9 अप्रैल की कैबिनेट मीटिंग के फैसले: तमिलनाडु-आंध्र प्रदेश में ₹1332 करोड़ का रेल प्रोजेक्ट मंजूर केंद्रीय कैबिनेट की मीटिंग में 9 अप्रैल को कई अहम प्रोजेक्ट्स को मंजूरी मिली। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में तिरुपति से कटपडी तक 104 किमी की सिंगल रेलवे लाइन को डबल लाइन में बदला जाएगा। इसमें करीब 1332 करोड़ रुपए की लागत आएगी। इससे आंध्र प्रदेश के तिरुमला वेंकटेश्वर मंदिर तक कनेक्टिविटी बढ़ने के साथ ही अन्य प्रमुख स्थलों जैसे श्री कालहस्ती शिव मंदिर, कनिपकम विनायक मंदिर, चंद्रगिरी किला आदि तक भी रेल कनेक्टिविटी हो सकेगी। इसके अलावा प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) के तहत एक सबस्कीम को मंजूरी मिली। इसके तहत कमांड एरिया डेवलपमेंट एंड वाटर मैनेजमेंट (M-CADWM) को अपग्रेड करने के लिए 1600 करोड़ रुपए मंजूर हुए हैं। पूरी खबर पढ़ें… पिछली 3 बैठकों में केंद्र सरकार के फैसले… 16 जनवरी, 2025: 8वें वेतन आयोग को मंजूरी केंद्रीय कैबिनेट ने 16 जनवरी को हुई मीटिंग में आठवें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी थी। आयोग की सिफारिशें 2026 से लागू होंगी। यह जानकारी कैबिनेट बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री अश्वनी वैष्णव ने दी। उन्होंने कहा- सातवां वेतन आयोग 2016 में लागू हुआ था, इसकी सिफारिशें 2026 तक जारी रहेंगी। 7वां वेतन आयोग (पे-कमीशन) 1 जनवरी, 2016 से लागू हुआ था। इससे करीब 1 करोड़ लोगों को फायदा हुआ था। वेतन आयोग हर 10 साल में लागू किया जाता है। उम्मीद है कि मोदी सरकार 1 जनवरी, 2026 से 8वां वेतन आयोग लागू कर देगी। इससे केंद्रीय कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन और पेंशन बढ़ेगी। इसके अलावा वैष्णव ने बताया कि केंद्र सरकार आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा स्थित इंडियन स्पेश रिसर्च ऑर्गेनाइजेशन (ISRO) के रॉकेट लॉन्चिंग सेंटर में तीसरा लॉन्च पैड बनाएगी। यह 3985 करोड़ रुपए की लागत से बनेगा। इस फैसले से न्यू जेनरेशन लॉन्च व्हीकल प्रोग्राम को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। यहां से चंद्रयान और मंगलयान जैसे ऐतिहासिक मिशन लॉन्च हुए हैं। पूरी खबर पढ़ें… 1 जनवरी 2025: DAP खाद का 50Kg का बैग ₹1350 में मिलता रहेगा केंद्र सरकार ने साल के पहले दिन किसानों के लिए बड़े फैसले किए थे। 2025 की पहली कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और मौसम आधारित फसल बीमा योजना को 2025-26 तक जारी रखने को मंजूरी दी गई थी। साथ थी फर्टिलाइजर पर सब्सिडी जारी रखने का फैसला लिया था। DAP खाद का 50 किलोग्राम का बैग पहले की तरह 1350 रुपए का मिलता रहेगा। पूरी खबर पढ़ें… 6 दिसंबर 2024: देश में 85 केंद्रीय और 28 नवोदय विद्यालय खोलने की घोषणा केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में 85 केंद्रीय विद्यालय (KV), 28 नवोदय विद्यालय (NV) और दिल्ली मेट्रो के रिठाला-कुंडली कॉरिडोर के कंस्ट्रक्शन को मंजूरी दी गई। सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा- नवोदय विद्यालय उन जिलों में बनेंगे, जो अभी तक नवोदय विद्यालय स्कीम में नहीं थे। नई शिक्षा नीति को लागू करने के लिए पीएम श्री स्कूल योजना लाई गई है। पूरी खबर पढ़ें…
